स्टील शीट
GP शीट (गैल्वनाइज़्ड प्लेन)
गर्म ज़िंक की परत चढ़ी सपाट स्टील शीट, जिसे वर्कशॉप काटकर, मोड़कर और वेल्ड करके काम में लाती है।
- स्टील शीट
- 2 साइज़ लिस्ट में
- GI
- 3 ब्रांड स्टॉक में
- अपनी डिलीवरी, 34 ब्लॉक
GP का मतलब है गैल्वनाइज़्ड प्लेन: सपाट स्टील, जो गर्म ज़िंक के बाथ से होकर निकली है और जिस पर कोई नाली नहीं रोली गई। Jay Shree Infra इसका काम सहरसा गोदाम से करता है, Tata Steel में, जिसकी GP शीट यहाँ Tata Kosh नाम से बिकती है, और SAIL में। यह वर्कशॉप का माल है, सपाट लिया जाता है और फिर कटता, मुड़ता और वेल्ड होता है, और यहाँ इसे लेने वाले लोकल फैब्रिकेटर, बड़ी फैब्रिकेशन शॉप, ठेकेदार और प्रोजेक्ट कंपनियाँ हैं, सहरसा, सुपौल और मधेपुरा तीनों में। ट्रंक, बक्सा और अलमारी बनाने वाले इस शीट के सबसे पक्के खरीदार हैं, और वे इसे स्टील शीट वाले रैक की हर साइज़ में लेते हैं। किस सुबह कौन सी मोटाई खड़ी है, यह फोन पर तय होता है, किसी पेज से नहीं।
ज़िंक ही इस शीट की जान है और उसका अपना नंबर चलता है, ग्राम प्रति वर्ग मीटर, मोटाई के मिलीमीटर से अलग। यही कोटिंग वाली शीट करगेटिंग रोल से निकल जाए तो GC चदरा बन जाती है, वही जो शेड की छत पर चढ़ती है, और इसीलिए एक ही भारतीय मानक दोनों को ढकता है। बिना कोटिंग वाली दोनों शीट, हॉट रोल्ड और कोल्ड रोल्ड, इसी के साथ स्टील शीट के नीचे हैं।
मोटाई
SAIL के दो प्लांट, और किसका क्या
हर SAIL प्लांट के सामने GP की छपी मोटाई, और वह मिल से किस रूप में निकलती है।
सारे कॉलम देखने के लिए टेबल को दाएँ बाएँ स्क्रॉल कीजिए
| SAIL प्लांट | छपी मोटाईmm | मिल से किस रूप में |
|---|---|---|
| SAIL Bokaro | ~0.4 to 2.0 | Coil / cut sheet |
| SAIL Rourkela | ~0.35 to 1.25 | Sheet |
दोनों पंक्तियाँ SAIL की अपनी हैं, उसके गैल्वनाइज़्ड प्रोडक्ट पेज से, और आगे लगा टिल्ड यह बताता है कि यह छपी हुई टेबल से पढ़ा गया बैंड है। उसी टेबल के नीचे SAIL लिखता है कि आपसी सहमति से दूसरी मोटाई और चौड़ाई का मेल भी दिया जा सकता है। इसे SAIL क्या रोल करता है इस रूप में पढ़िए, सहरसा में क्या खड़ा है इस रूप में नहीं। Tata अपनी प्लेन गैल्वनाइज़्ड लाइन Galvano को 0.45 से 2 mm मोटाई और 1000 से 1520 mm चौड़ाई में छापता है, पूरी कॉइल, स्लिट कॉइल, कटी हुई शीट और ब्लैंक के रूप में, इसलिए 0.45 mm से पतला सिरा Rourkela का है और SAIL में 2 mm वाला सिरा Bokaro की कॉइल है।
किस काम में लगती है
GP के लिए SAIL की अपनी लिस्ट में पैनलिंग, दरवाज़े के फ्रेम, शटर, AC डक्ट, कूलर, स्टोरेज बिन, ड्रम, बाल्टी, टब और टंकी लिखे हैं। हम इसी माल को यहाँ डक्टिंग, पैनल, कैबिनेट, छत के पुर्जे और आम फैब्रिकेशन के लिए रखते हैं।
शटर उस लिस्ट में इसलिए है कि रोलिंग शटर के आसपास के सपाट और मुड़े हुए पुर्जे कोटिंग वाली शीट से ही बनते हैं। लठ खुद अलग रैक और अलग सवाल हैं, वह शटर प्रोफाइल के पेज पर निकाला हुआ है। छत पर पर्लिन के ऊपर करगेटेड शीट चढ़ती है; छत के सपाट पुर्जे इसी शीट से कटते हैं।
ज़िंक नापा जाता है, और दोनों मिलें उसे अलग तरह छापती हैं
कोटिंग तौल से चलती है, प्रति वर्ग मीटर कितने ग्राम। SAIL अपनी कोटिंग क्लास 80, 100, 120, 180, 200, 220, 275, 350, 450, 550 और 600 gsm पर छापता है। Tata अपनी Galvano को 60 से 550 gsm पर छापता है और उसी लाइन में यह भी लिखता है कि यह आँकड़ा किस पर खड़ा है: कुल, दोनों तरफ का। जिस gsm के साथ यह आधार लिखा न हो, उसे उस gsm के सामने नहीं रखा जा सकता जिसके साथ लिखा है।
एक ही मोटाई इनमें से किसी भी क्लास में आ सकती है, इसलिए मिलीमीटर शीट की आधी कहानी बताते हैं। क्लास मिल के टेस्ट सर्टिफिकेट में अपनी अलग लाइन है, और जितने भी कोटेशन हाथ में हों, हर एक पर उसे नंबर से पूछ लेना बनता है।
ग्रेड का अक्षर दूसरा सवाल है
Tata अपनी Galvano छह ग्रेड में छापता है: CQ, DQ, DDQ, EDD, IF और हाई स्ट्रेंथ, अक्षरों को बिना खोले, और हम भी वही अक्षर इस्तेमाल करते हैं। ये तय यह करते हैं कि प्रेस और ब्रेक के नीचे शीट कैसा बर्ताव करेगी, जो मोटाई से पता नहीं चलता।
ड्रॉइंग में अक्षर लिखा हो तो कॉल पर वही बता दीजिए। न लिखा हो तो बता दीजिए कि शीट से क्या बनना है, और यह सवाल काउंटर पर अंदाज़े से तय होने के बजाय मिल तक जाएगा।
स्लिट, कटी हुई शीट, या पूरी कॉइल
शीट और कॉइल एक ही माल के दो रूप हैं, और ऑर्डर में इनमें से एक का नाम लेना पड़ता है। Tata अपनी Galvano को चार रूपों में गिनाता है: पूरी कॉइल, स्लिट कॉइल, कटी हुई शीट और ब्लैंक। SAIL अपना GP, Bokaro में कॉइल के रूप में और Rourkela में शीट के रूप में रोल करता है, और यही असल वजह है कि ऊपर की दोनों पंक्तियाँ अलग अलग मोटाई पर जाकर रुकती हैं। कट एक ही तरफ जाता है, इसलिए रूप और तैयार नाप कॉल पर तय होते हैं, कटाई से पहले।
आदेश की एक पंक्ति दोनों तरह की शीट पर लागू है
गैल्वनाइज़्ड स्टील शीट, सादी और करगेटेड, IS 277:2018 में आती हैं, और इस्पात और इस्पात उत्पाद (गुणवत्ता नियंत्रण) आदेश, 2024 इस मानक को अनुसूची 1 में क्रम संख्या 7 पर रखता है, तत्काल प्रभाव से। उस प्रविष्टि में दोनों का नाम एक ही पंक्ति में है, कोई साइज़ और कोई प्रोफाइल छोड़ा नहीं गया, इसलिए सपाट शीट उसमें उतनी ही अंदर है जितनी छत वाली चदरा। आदेश यह भी कहता है कि हर खेप के साथ स्टैंडर्ड मार्क लगा टेस्ट सर्टिफिकेट जाए, जो BIS से प्रमाणित बनाने वाले ने जारी किया हो।
यानी अकेला मानक नंबर यह नहीं बताएगा कि दोनों में से कौन सी शीट आपके हाथ में है। वह मोटाई और कोटिंग क्लास बताती है, और दोनों उसी सर्टिफिकेट पर रहती हैं। आपके लोड के साथ क्या आया, यह हमसे पूछ लीजिए।
ब्रांड
एक तरफ Tata Kosh, दूसरी तरफ SAIL के दो प्लांट
Tata Kosh वह नाम है जो इस बाज़ार में GP शीट के ज़्यादातर खरीदार माँगते हैं, इसी वजह से यह दीवार पर पहले आता है। किसी एक दिन हर नाम में हर मोटाई मिल जाए, ऐसा नहीं होता, इसलिए कॉल पर नाम के साथ मोटाई और तैयार नाप भी बता दीजिए।
दोनों नामों पर एक एक बात कहनी है। ट्रंक, बक्सा और अलमारी के काम में Tata की GP शीट Tata Kosh नाम से आती है; Tata अपनी एक प्रीमियम, बिना स्पैंगल वाली GP लाइन भी छापता है, Galvano, और इन दोनों में से कौन सी लाइन इस काउंटर तक Tata के नाम से पहुँचती है, यह बिल और मार्किंग बताती है। Bokaro अपने आप में कोई बनाने वाला नहीं, SAIL का प्लांट है, इसलिए हम इसे प्लांट लिखते हैं। इन दोनों के और क्या क्या हमारे रैक पर आता है, यह SAIL और Tata Steel के पेज पर है।
स्रोत
दोनों मिलें, और गजट खुद
ऊपर की हर मोटाई, चौड़ाई, कोटिंग का आँकड़ा और ग्रेड का अक्षर मिलों की अपनी टेबल से पढ़ा गया है, और मानक वाली प्रविष्टि गजट नोटिफिकेशन से।
- SAIL का गैल्वनाइज़्ड प्रोडक्ट पेज, प्लांट की मोटाई और ग्यारह कोटिंग क्लास के साथSAIL
- Galvano, Tata की प्लेन गैल्वनाइज़्ड लाइन, मोटाई, चौड़ाई, रूप, ग्रेड और कोटिंग के साथTata Steel
- इस्पात और इस्पात उत्पाद (गुणवत्ता नियंत्रण) आदेश, 2024, 29 अगस्त 2024 का का.आ. 3716(अ)इस्पात मंत्रालय
- Tata Kosh, ट्रंक, बक्सा और अनाज के डिब्बे बनाने के काम की Tata की रिटेल GP शीटTata Shaktee
सवाल
GP के सवाल
GP और GI शीट एक ही चीज़ है?
दोनों शब्द एक ही माल पर जाकर बैठते हैं। GP यानी गैल्वनाइज़्ड प्लेन, यही शब्द मिलें छापती हैं, और GI गैल्वनाइज़्ड आयरन वाला पुराना शब्द है जो इसी माल के लिए बाज़ार में आज भी चलता है। इन दोनों में से कोई भी छत वाली करगेटेड चदरा नहीं है, वह GC है। आपको जो शब्द बताया गया है वही बता दीजिए, दो सवाल और पूछकर हम उसी शीट तक पहुँच जाएँगे।
कोटिंग का gsm दोनों तरफ का होता है या एक तरफ का?
Tata अपनी Galvano की कोटिंग 60 से 550 gsm छापता है और उसी लाइन में लिखता है कि यह दोनों तरफ का कुल है। SAIL की ग्यारह क्लास, जो ऊपर दी हैं, gsm में छपती हैं और उनके सामने ऐसी कोई बात नहीं लिखी। इसलिए दो नंबर तौलने से पहले पूछ लीजिए कि नंबर किस आधार पर है, क्योंकि एक 275 और दूसरा 275 एक ही कोटिंग हो, ज़रूरी नहीं।
ग्रेड का अक्षर भी बताना पड़ता है?
जिस काम में शीट को मुड़ना या खिंचना है, उसमें हाँ। Tata अपनी Galvano CQ, DQ, DDQ, EDD, IF और हाई स्ट्रेंथ में छापता है, और अक्षरों को खोलकर नहीं लिखता, इसलिए हम भी वैसे ही रखते हैं। ड्रॉइंग में अक्षर हो तो वही ले आइए, न हो तो बता दीजिए कि शीट से क्या बनना है।
0.35 mm से पतली GP शीट मिलेगी?
यह उससे नीचे है जो इस शीट के लिए SAIL और Tata छापते हैं। SAIL की सबसे पतली छपी GP उसकी Rourkela शीट का 0.35 mm वाला सिरा है, उसकी Bokaro कॉइल 0.4 mm से शुरू होती है, और Tata Galvano को 0.45 mm से छापता है। कोटेशन पर इससे पतला नंबर हो तो एक सवाल बनता है कि शीट किसकी है और वह मोटाई किस हिसाब से नापी गई। आपको जो नंबर मिला है, वह पढ़कर बता दीजिए।
पूरी कॉइल लेनी पड़ेगी या शीट में भी हो जाएगा?
दोनों रूप रोल होते हैं, इसलिए यह कॉल की बात है, कोई नियम नहीं: Tata के चार रूप और SAIL के दोनों प्लांट ऊपर लिखे हैं। कौन सा रूप चाहिए, तैयार नाप क्या है, कितने पीस हैं और गाँव कौन सा है, इतना बता दीजिए। कट तय होते ही माल अपनी गाड़ी से निकल जाता है।
संपर्क
बताइए कि इस शीट से क्या बनना है
कोटिंग वाली शीट में मोटाई आसान वाला आधा हिस्सा है। कोटिंग की क्लास काम तय करता है, और जहाँ स्टील को खिंचना है वहाँ ग्रेड का अक्षर भी वही तय करता है, और ये दोनों फीते पर नहीं पढ़े जाते। क्या बन रहा है, किस नाप में चाहिए, कितने पीस, और शीट के रूप में जाना है या कॉइल के, इतना बता दीजिए। आज का रेट +91 6202 967 218 पर पूछ लीजिए।
खुलने का समय: सातों दिन, सुबह 9:30 से शाम 6:00 बजे तक