Jay Shree Infra

गाइड

फैब्रिकेटर के लिए ग्रिल और गेट का हिसाब

एक फैब्रिकेटर ग्रिल या गेट का किलो में हिसाब यूँ लगाता है: ड्राइंग पर हर सेक्शन, एंगल, पट्टी या स्क्वायर, की रनिंग फीट जोड़कर, उसे मीटर में बदलकर, और HMB के छापे हुए वज़न प्रति मीटर से गुना करके। 25x25x5 mm एंगल 1.766 किलो प्रति मीटर का है और 12 mm स्क्वायर 1.130 किलो प्रति मीटर का। इस जोड़ में जो नहीं आता वह है कोने पर जाने वाला थोड़ा ज़्यादा लोहा, और यह मार्जिन किसी भी छपे हुए आँकड़े में नहीं मिलता।

  • गाइड
  • आंकड़ों की 1 टेबल
  • अपनी डिलीवरी, 34 ब्लॉक
  • सातों दिन खुला

Jay Shree Infra एंगल, पट्टी और स्क्वायर सहरसा के स्ट्रक्चरल स्टील रैक पर रखता है और सुपौल तथा मधेपुरा तक अपनी गाड़ियों से भेजता है। HMB की iGrill और Grill Guard लाइनें दोनों तीनों का वज़न प्रति मीटर छापती हैं; Solar, Alaknanda ग्रुप की मिल से आकर, वही तीनों आकार रखता है और यहाँ तराज़ू पर तुलता है, किसी टेबल से नहीं।

नीचे की विधि HMB के अपने छपे हुए आँकड़ों के अंदर ही रहती है: एक साइज़, एक वज़न प्रति मीटर, और 20 फुट की लंबाई। ड्राइंग पर हर सेक्शन की रनिंग फीट नापिए, उसे किलो में बदलिए, और जो आँकड़ा हाथ में आता है वह काम में लगने वाला लोहा है, बिल नहीं।

वज़न की टेबल

एंगल, पट्टी और स्क्वायर पर HMB क्या छापता है, और एक पूरी 20 फुट लंबाई का वज़न क्या बैठता है

एंगल, पट्टी और स्क्वायर के नौ साइज़, HMB का छपा हुआ वज़न प्रति मीटर, और उससे निकाला गया एक पूरी 20 फुट लंबाई का वज़न।

सारे कॉलम देखने के लिए टेबल को दाएँ बाएँ स्क्रॉल कीजिए

सेक्शनसाइज़वज़न प्रति मीटरकिलो, HMB का अपना आँकड़ा20 फुट लंबाई का वज़नकिलो, मीटर वाले आँकड़े से निकाला गया
Angle20x20x3 mm0.905.49
Angle25x25x5 mm1.76610.77
Angle35x35x5 mm2.6015.85
Flat20x5 mm0.7854.79
Flat25x6 mm1.1777.17
Flat32x5 mm1.2567.66
Square10 mm0.7854.79
Square12 mm1.1306.89
Square16 mm2.01012.25

HMB तीनों सेक्शन एक पूरी 20 फुट लंबाई में बेचता है, जो 6.096 मीटर होती है, इसलिए आख़िरी कॉलम मीटर वाले आँकड़े को 6.096 से गुना करके गोल किया गया है। यह HMB के अपने आँकड़े पर हिसाब है, कोई दूसरा आँकड़ा नहीं जो HMB खुद छापता हो। काली iGrill लाइन और गैल्वनाइज़्ड Grill Guard लाइन, दोनों हर साइज़ पर एक ही वज़न प्रति मीटर छापती हैं।

नौ साइज़ उस रेंज को दिखाते हैं जिससे एक खिड़की की ग्रिल या गेट का फ्रेम बनता है: फ्रेम की बॉर्डर के लिए तीन एंगल साइज़, क्रॉसबार या बॉर्डर स्ट्रिप के लिए तीन पट्टी साइज़, सीधी खड़ी छड़ों के लिए तीन स्क्वायर साइज़। इस लिस्ट से बाहर की साइज़ भी उसी तरह बदलती है, उस साइज़ के अपने वज़न प्रति मीटर पर।

20 फुट वाला कॉलम इसलिए मायने रखता है क्योंकि सेक्शन असल में इसी लंबाई में आता है। ड्राइंग की रनिंग फीट कभी अकेली नहीं खरीदी जाती; वह 20 फुट के टुकड़े से ही निकलती है, और काटने के बाद जो बचता है वही कतरन है, जिसे फैब्रिकेटर या तो अगले काम के लिए रख लेता है या नहीं रखता।

विधि

रनिंग फीट से किलो तक, एक-एक सेक्शन करके

हर सेक्शन अलग-अलग नापिए, क्योंकि एंगल, पट्टी और स्क्वायर तीनों का अपना अलग वज़न प्रति मीटर है। ड्राइंग पर जितना भी 25x25x5 mm एंगल है वह रनिंग फीट में जोड़िए, जितना 12 mm स्क्वायर है वह अलग, जितनी पट्टी है वह अलग, और तीनों जोड़ अलग-अलग रखिए।

हर जोड़ को मीटर में बदलिए, एक फुट बराबर 0.3048 मीटर, फिर उस सेक्शन के अपने वज़न प्रति मीटर से गुना कीजिए, जो ऊपर की टेबल पर है। 25x25x5 mm एंगल के 14 रनिंग फीट 4.2672 मीटर बनते हैं, और 4.2672 x 1.766 किलो प्रति मीटर बराबर 7.54 किलो। यही हिसाब स्क्वायर और पट्टी पर लगाने से उनका अपना वज़न निकलता है, और तीनों जोड़ने पर काम में लगने वाला लोहा मिलता है।

यह ड्राइंग का जोड़ है, तराज़ू की रीडिंग नहीं। यह फैब्रिकेटर को काटने से पहले अंदाज़ा देता है, और जो आँकड़ा दुकान आख़िर में बिल में लगाती है वह यहाँ तराज़ू पर तैयार टुकड़े का वज़न है।

एक फ्रेम, शुरू से आख़िर तक

एक खिड़की की ग्रिल, पूरा जोड़कर

4 फुट चौड़ी और 3 फुट ऊँची खिड़की की ग्रिल, बॉर्डर के लिए 25x25x5 mm एंगल, छह खड़ी छड़ें 12 mm स्क्वायर की, हर एक 3 फुट, और एक 25x6 mm पट्टी की क्रॉसबार जो 4 फुट चौड़ाई पर चलती है।

फ्रेम: बॉर्डर 2 x (4 + 3) = 14 रनिंग फुट, यानी 4.2672 मीटर, x 1.766 किलो प्रति मीटर = 7.54 किलो। खड़ी छड़ें: 6 टुकड़े x 3 फुट = 18 रनिंग फुट, 5.4864 मीटर, x 1.130 किलो प्रति मीटर = 6.20 किलो। क्रॉसबार: 4 रनिंग फुट, 1.2192 मीटर, x 1.177 किलो प्रति मीटर = 1.43 किलो।

7.54 + 6.20 + 1.43 = 15.17 किलो। यह इस ग्रिल का लोहा है, ड्राइंग से, अभी तक किसी टॉर्च या आरी ने कुछ छुआ भी नहीं।

रनिंग जोड़ में क्या नहीं आता

कतरन, कोने, और बिल ड्राइंग से थोड़ा आगे क्यों निकलता है

इस फ्रेम के तीनों सेक्शन एक-एक 20 फुट लंबाई में समा जाते हैं: 14 फुट, 18 फुट और 4 फुट, तीनों 20 से कम हैं। तीनों पूरी लंबाई में खरीदने पर वज़न 10.77 + 6.89 + 7.17 = 24.83 किलो बैठता है, फ्रेम के अपने 15.17 किलो के मुकाबले। यह फर्क कतरन का है, एंगल का 6 फुट बचा हुआ टुकड़ा, स्क्वायर का 2 फुट, पट्टी का 16 फुट, जो इस काम की जगह अगले काम में लगता है।

जो फैब्रिकेटर पूरी लंबाई की जगह तैयार वज़न पर कटवाता है, वह भी रनिंग फीट के सीधे जोड़ से थोड़ा ज़्यादा खर्च करता है, क्योंकि 45 डिग्री का मितरा जोड़ उतना लोहा खा जाता है जितना सीधा जोड़ नहीं खाता, और नए टुकड़े की पहली कटाई कभी ड्राइंग की सीधी लाइन पर नहीं बैठती। इस मार्जिन पर कोई पब्लिश्ड पर्सेंटेज कहीं नहीं मिलता; यह फैब्रिकेटर के अपने हाथ का अंदाज़ा है, हफ़्ते-हफ़्ते की कटाई से बना, और इसीलिए यहाँ तराज़ू पर जो नंबर आता है वही आख़िर में बिल तय करता है।

इन सेक्शन के लिए HMB की अपनी सेल यूनिट पीस, किलो या टन है, इसलिए दोनों रास्ते, पूरी 20 फुट लंबाई या नाप के पास कटा हुआ वज़न, एक ही कॉल पर खुले हैं। कौन सा रास्ता किसी काम के लिए ठीक बैठता है यह अक्सर इस पर टिकता है कि उसी सेक्शन का अगला फ्रेम भी बनना है या नहीं।

इस काउंटर पर

कॉल पर क्या लेकर आना है

हर सेक्शन की रनिंग फीट अलग-अलग लेकर आइए, एंगल, पट्टी और स्क्वायर अलग रखते हुए, और बताइए कि फ्रेम काला जाएगा या गैल्वनाइज़्ड; HMB दोनों पर एक ही वज़न प्रति मीटर छापता है, इसलिए फिनिश सिर्फ कोटिंग बदलता है, ऊपर का जोड़ नहीं।

बताइए कि पूरी 20 फुट लंबाई चाहिए या नाप के पास कटा हुआ वज़न, और यह भी कि इसी कट लिस्ट से कितने फ्रेम बन रहे हैं, क्योंकि इसी से तय होता है कि कतरन रखने लायक है या नहीं। हम सहरसा, सुपौल और मधेपुरा के सभी 34 ब्लॉक तक अपनी गाड़ियों से पहुँचते हैं, टेम्पो से ट्रैक्टर और ट्रक तक, उस रूट के बाज़ार भाव पर, और सेक्शन गाड़ी पर चढ़ने से पहले यहीं तराज़ू पर तुलता है। Solar वही तीनों आकार Alaknanda TMT ग्रुप की मिल से लाकर रखता है; Solar और HMB दोनों पेज पढ़ लीजिए, या ड्राइंग सीधे काउंटर पर ले आइए।

सवाल

ग्रिल और गेट का हिसाब लगाने के सवाल

रनिंग फीट को किलो में कैसे बदलते हैं?

रनिंग फीट को 0.3048 से गुना करके मीटर निकालिए, फिर उस सेक्शन के अपने वज़न प्रति मीटर से गुना कीजिए, जो HMB की लिस्ट पर है। 25x25x5 mm एंगल के 14 रनिंग फीट 4.2672 मीटर बनते हैं, और 4.2672 x 1.766 किलो प्रति मीटर बराबर 7.54 किलो। एंगल, पट्टी और स्क्वायर तीनों का अपना वज़न प्रति मीटर है, इसलिए आख़िरी कदम तक तीनों जोड़ अलग रखिए।

पूरी 20 फुट लंबाई लेने पर बिल ज़्यादा क्यों आता है?

क्योंकि कतरन का वज़न भी उसी लंबाई के साथ आता है जिससे वह कटी है। ऊपर के उदाहरण में फ्रेम का रनिंग जोड़ 15.17 किलो है, लेकिन वही तीनों सेक्शन तीन पूरी 20 फुट लंबाई में खरीदने पर 24.83 किलो बैठता है। फर्क काटने के बाद बचे एंगल, स्क्वायर और पट्टी का है, जो इस काम की जगह अगले काम में लगता है और अगर वह काम मिल जाए तो ज़ाया नहीं जाता।

कोने के जोड़ों पर एक्स्ट्रा मटीरियल लगता है क्या?

थोड़ा, और इस पर कोई पब्लिश्ड पर्सेंटेज कहीं नहीं मिलता। 45 डिग्री का मितरा जोड़ उतना लोहा खा जाता है जितना सीधी रनिंग फीट का जोड़ नहीं गिनता, और नए टुकड़े की पहली कटाई शायद ही कभी ड्राइंग की सीधी लाइन पर बैठती है। यह मार्जिन फैब्रिकेटर के अपने हाथ का अंदाज़ा है, कोई छपा हुआ आँकड़ा नहीं।

एक गेट या ग्रिल का पूरा हिसाब लगाने में क्या क्या जोड़ना होता है?

ड्राइंग का हर सेक्शन, अलग-अलग जोड़कर। ऊपर के उदाहरण में एक 4 फुट x 3 फुट खिड़की की ग्रिल है: 25x25x5 mm एंगल की बॉर्डर 7.54 किलो, छह 12 mm स्क्वायर की खड़ी छड़ें 6.20 किलो, और एक 25x6 mm पट्टी की क्रॉसबार 1.43 किलो, कुल मिलाकर 15.17 किलो, कटाई से पहले।

हिसाब में वेल्ड रॉड और हिंज भी गिनते हैं क्या?

नहीं। यह तरीका सिर्फ एंगल, पट्टी और स्क्वायर सेक्शन का वज़न तौलता है। वेल्ड रॉड, हिंज, बोल्ट और रंग अलग से जुड़ते हैं, और इनमें से किसी का वज़न ऊपर की टेबल पर नहीं है।

ऑर्डर से पहले

ड्राइंग से बिल तक, रनिंग फीट में

हर एक वह चीज़ तय करता है जो ऊपर का जोड़ अकेले नहीं कर सकता।

  • हर सेक्शन की रनिंग फीट कितनी है, एंगल, पट्टी और स्क्वायर अलग-अलग?

    ऊपर की पूरी विधि इसी आँकड़े पर सेक्शन दर सेक्शन चलती है; मिला हुआ कुल जोड़ वापस किलो में नहीं बदलता।

  • फ्रेम में कितने कोने हैं?

    हर मितरा जोड़ एक और जगह है जहाँ नई कटाई रनिंग फीट के सीधे जोड़ से थोड़ा ज़्यादा लोहा खाती है।

  • पूरी 20 फुट लंबाई चाहिए, या नाप के पास कटा हुआ वज़न?

    HMB दोनों तरह बेचता है; कौन सा रास्ता इस काम के लिए ठीक है यह अक्सर इस पर टिकता है कि कतरन दूसरे फ्रेम में जा रही है या नहीं।

  • काला या गैल्वनाइज़्ड?

    वज़न प्रति मीटर दोनों पर एक ही है; फिनिश सिर्फ कोटिंग और फ्रेम कहाँ खड़ा रहेगा यह तय करता है।

  • इसी कट लिस्ट से कितने एक जैसे फ्रेम बन रहे हैं?

    एक कट लिस्ट से ज़्यादा फ्रेम बनने पर यह बदल जाता है कि कतरन रखने लायक है या दोबारा खरीदने लायक।

संपर्क

रनिंग फीट लाइए, तराज़ू हमारे पास है

पूरी 20 फुट लंबाई हो या नाप के पास कटा हुआ वज़न, दोनों HMB के एक ही वज़न प्रति मीटर से निकलते हैं, और असली फर्क सिर्फ इतना है कि बिल किस आधार पर बनता है। +91 6202 967 218 पर रनिंग फीट लेकर कॉल कीजिए, एंगल, पट्टी और स्क्वायर अलग-अलग बताते हुए, और यह भी कि कट लिस्ट से एक फ्रेम बन रहा है या कई, और यहाँ तराज़ू पर जो नंबर आएगा वही बिल तय करेगा।

खुलने का समय: सातों दिन, सुबह 9:30 से शाम 6:00 बजे तक

आज ही कॉल करें+91 6202 967 218WhatsApp